.

Remedywala

Categories
Archives
Remedywala Labradorite Bracelet
Remedywala Labradorite Bracelet
₹999₹681
Shop Now
Lapis Lazuli & Bodhi Bead Bracelet
Lapis Lazuli & Bodhi Bead Bracelet
₹999₹474
Shop Now
Bodhi Bead Mala
Bodhi Bead Mala
₹3999₹2355
Shop Now
Apatite 6mm Japa Mala 108 Beads With Certificate
Apatite 6mm Japa Mala 108 Beads With Certificate
₹2499₹1906
Shop Now
Clear Quartz Crystal Dowsing Pendulum
Clear Quartz Crystal Dowsing Pendulum
₹999₹99
Shop Now
Labradorite Angel (2 inch) – Remedywala
Labradorite Angel (2 inch) – Remedywala
₹999₹299
Shop Now

Mahalakshmi Aarti | महालक्ष्मी आरती

🌺 श्री महालक्ष्मी आरती 🌺 माँ लक्ष्मी की कृपा पाने की पावन आरती 🙏 श्री महालक्ष्मी आरती (हिंदी) 🙏 जय देवी जय देवी जय महालक्ष्मी।वससी व्यापकरूपे तू स्थूलसूक्ष्मी॥ करवीरपुरवासिनी सुरवरमुनिमाता।पुरहरवरदायिनी मुरहरप्रियकान्ता।कमलाकारें जठरी जन्मविला धाता।सहस्त्रवदनी भूधर न पुरे गुण गातां॥ जय देवी जय देवी… मातुलिंग गदा खेटक रवikिरणीं।झळके हाटकवाटी पीयुषरसपाणी।माणिकरसना सुरंगवसना मृगनयनी।शशिकरवदना राजस मदनाची जननी॥ जय देवी जय देवी… तारा शक्ति अगम्या शिवभजकां गौरी।सांख्य म्हणती प्रकृती निर्गुण निर्धारी।गायत्री निजबीजा निगमागम सारी।प्रगटे पद्मावती निजधर्माचारी॥ जय देवी जय देवी… अमृतभरिते सरिते अघदुरितें वारीं।मारी दुर्घट असुरां भवदुस्तर तारीं।वारी मायापटल प्रणमत परिवारी।हें रुप चिद्रूप दावी निर्धारी॥ जय देवी जय देवी… चतुराननें कुश्चित कर्मांच्या ओळी।लिहिल्या असतिल माते माझे निजभाळी।पुसोनि चरणातळी पदसुमने क्षाळी।मुक्तेश्वर नागर क्षीरसागरबाळी॥ जय देवी जय देवी…   🌸 Shri Mahalakshmi Aarti (English / Hinglish)

Read More »

Vaibhav Lakshmi Vrat Aarti | वैभव लक्ष्मी व्रत आरती

🌼 वैभव लक्ष्मी व्रत आरती 🌼 ॐ वैभव लक्ष्मी माता की पावन आरती 🙏 वैभव लक्ष्मी माता आरती (हिंदी) 🙏 ॐ वैभव लक्ष्मी माता, मैया वैभव लक्ष्मी माता,भक्तों के हितकारिनी, भक्तों के हितकारिनी,सुख वैभव दाता, ॐ वैभव लक्ष्मी माता। लक्ष्मी माँ का नाम जो लेता, सुख सम्पति पाता,मैया सुख सम्पति पाता, दुःख दरिद्र मिटता,दुःख दरिद्र मिटता, बांछित फल पाता। ॐ वैभव लक्ष्मी माता, मैया वैभव लक्ष्मी माता,भक्तों के हितकारिनी, भक्तों के हितकारिनी,सुख वैभव दाता, ॐ वैभव लक्ष्मी माता। लक्ष्मी माता तू जग माता, जग पालक रानी,मैया जग पालक रानी, हाथ जोड़ गुण गाते,हाथ जोड़ गुण गाते, जग के सब प्राणी। ॐ वैभव लक्ष्मी माता, मैया वैभव लक्ष्मी माता,भक्तों के हितकारिनी, भक्तों के हितकारिनी,सुख वैभव दाता, ॐ वैभव लक्ष्मी माता। हे

Read More »

Mahalakshmi Ashtakam | महालक्ष्मी अष्टकम

हिंदू धर्म में देवी महालक्ष्मी को धन, वैभव, सौभाग्य और ऐश्वर्य की अधिष्ठात्री देवी माना जाता है। जिस घर में उनका वास होता है, वहाँ सुख, शांति और सकारात्मक ऊर्जा हमेशा बनी रहती है। देवी लक्ष्मी को प्रसन्न करने के अनेक उपाय बताए गए हैं, लेकिन उनमें से सबसे प्रभावकारी माना जाता है — महालक्ष्मी अष्टकम। नमस्तेऽस्तु महामाये श्रीपीठे सुरपूजिते। शङ्खचक्रगदाहस्ते महालक्ष्मि नमोऽस्तुते॥1॥ नमस्ते गरुडारूढे कोलासुरभयङ्करि। सर्वपापहरे देवि महालक्ष्मि नमोऽस्तुते॥2॥ सर्वज्ञे सर्ववरदे सर्वदुष्टभयङ्करि। सर्वदुःखहरे देवि महालक्ष्मि नमोऽस्तुते॥3॥ सिद्धिबुद्धिप्रदे देवि भुक्तिमुक्तिप्रदायिनि। मन्त्रमूर्ते सदा देवि महालक्ष्मि नमोऽस्तुते॥4॥ आद्यन्तरहिते देवि आद्यशक्तिमहेश्वरि। योगजे योगसम्भूते महालक्ष्मि नमोऽस्तुते॥5॥ स्थूलसूक्ष्ममहारौद्रे महाशक्तिमहोदरे। महापापहरे देवि महालक्ष्मि नमोऽस्तुते॥6॥ पद्मासनस्थिते देवि परब्रह्मस्वरूपिणि। परमेशि जगन्मातर्महालक्ष्मि नमोऽस्तुते॥7॥ श्वेताम्बरधरे देवि नानालङ्कारभूषिते। जगत्स्थिते जगन्मातर्महालक्ष्मि नमोऽस्तुते॥8॥ महालक्ष्म्यष्टकं स्तोत्रं यः पठेद्भक्तिमान्नरः। सर्वसिद्धिमवाप्नोति राज्यं प्राप्नोति सर्वदा॥9॥ एककाले पठेन्नित्यं

Read More »

Shri Hanuman Aarti

Shri Hanuman Aarti ||श्री हनुमान आरती|| आरती कीजै हनुमान लला की, दुष्ट दलन रघुनाथ कला की। जाके बल से गिरवर कांपे, रोग-दोष जाके निकट न झांके। अंजनि पुत्र महा बलदाई, संतन के प्रभु सदा सहाई। दे बीरा रघुनाथ पठाए, लंका जारि सिया सुधि लाए। लंका सो कोट समुद्र-सी खाई, जात पवनसुत बार न लाई। लंका जारि असुर संहारे, सियारामजी के काज संवारे। लक्ष्मण मूर्छित पड़े सकारे, लाइ संजीवन प्राण उबारे। पैठि पाताल तोरि जमकारे, अहिरावण की भुजा उखारे। बाएं भुजा असुर दल मारे, दाहिने भुजा संत जन तारे। सुर-नर-मुनि आरती उतारें, जय जय जय हनुमान उचारें। कंचन थार कपूर लौ छाई, आरती करत अंजना माई। जो हनुमान जी की आरती गावे, बसहि बैकुंठ परम पद पावे। सं. हनुमान आरती का

Read More »

Shri Shani Dev Ki Aarti | श्री शनि देव जी आरती | lyrics of Shani Dev Ki Aarti

श्री शनि देव जी आरती !! जय जय श्री शनिदेव भक्तन हितकारी, सूरज के पुत्र प्रभु छाया महतारी, जय जय श्री शनिदेव भक्तन हितकारी !! !! श्याम अंक वक्र दृष्ट चतुर्भुजा धारी, नालाम्बर धार नाथ गज की अवसारी, जय जय श्री शनिदेव भक्तन हितकारी !! !! क्रीट मुकुट शीश रजित दिपत है लिलारी, मुक्तन की माला गले शोभित बलिहारी, जय जय श्री शनिदेव भक्तन हितकारी !! !! मोदक मिष्ठान पान चढ़त है सुपारी, लोहा तिल तेल उड़द महिषी अति प्यारी, जय जय श्री शनिदेव भक्तन हितकारी !! !! दे दनुज ऋषि मुनि सुमिरत नर नारी, विश्वनाथ धरत ध्यान शरण हैं तुम्हारी, जय जय श्री शनिदेव भक्तन हितकारी !! ॐ शं शनिश्चराय नमः Shri Shani Dev Aarti !! Jai Jai Shri Shanidev

Read More »

Chandra Dev Ji ki Aarti | चन्द्र देव की आरती | Aarti Chandra Dev ki

चन्द्र देव की आरती ॐ जय सोम देवा, स्वामी जय सोम देवा । दुःख हरता सुख करता, जय आनन्दकारी । रजत सिंहासन राजत, ज्योति तेरी न्यारी । दीन दयाल दयानिधि, भव बन्धन हारी । जो कोई आरती तेरी, प्रेम सहित गावे । सकल मनोरथ दायक, निर्गुण सुखराशि । योगीजन हृदय में, तेरा ध्यान धरें । ब्रह्मा विष्णु सदाशिव, सन्त करें सेवा । वेद पुराण बखानत, भय पातक हारी । प्रेमभाव से पूजें, सब जग के नारी । शरणागत प्रतिपालक, भक्तन हितकारी । धन सम्पत्ति और वैभव, सहजे सो पावे । विश्व चराचर पालक, ईश्वर अविनाशी । सब जग के नर नारी, पूजा पाठ करें । ॐ जय सोम देवा, स्वामी जय सोम देवा । दुःख हरता सुख करता, जय आनन्दकारी

Read More »

Gau Mata Aarti | गौमाता की आरती | जय गौ माता

गौमाता की आरती आरती श्री गैया मैया की आरती हरनि विश्वधैया की || अर्थकाम सद्धर्म प्रदायिनी, अविचल अमल मुक्तिपद्दायिनी || सुर मानव सौभाग्याविधायिनी, प्यारी पूज्य नन्द छैया की || अखिल विश्व प्रतिपालिनी माता, मधुर अमिय दुग्धान्न प्रब्दाता || रोग शोक संकट परित्राता, भवसागर हित दृढ़ नैया की || आयु ओज आरोग्यविकाशिनी, दुःख दैन्य दारिद्रय विनाशिनी || सुष्मा सौख्य समृद्धि प्रकाशिनी, विमल विवेक बुद्धि दैया की || सेवक हो चाहे दुखदाई, सा पय सुधा पियावति माई || शत्रु-मित्र सबको सुखदायी, स्नेह स्वभाव विश्व जैया की || Gau Mata Aarti Aarti Shri Gaiya Maiya Ki, Aarti Harni Viswadhaiya Ki Arthkaam Saddharm Pradaayini, Avichal Amal Muktipadyaini Sur Maanav Saubhagyavidhayini, Pyaari Pujya Nand Chaiya Ki Akhil Vishwa Pratipaalini Maata, Madhur Amiy Dugdhanan Prabdaata Rog

Read More »

shri balaji ki aarti | श्री बालाजी आरती | shri salasar balaji ki aarti

श्री बालाजी आरती ॐ जय हनुमत वीरा स्वामी जय हनुमत वीरा संकट मोचन स्वामी तुम हो रनधीरा ||ॐ जय || पवन पुत्र अंजनी सूत महिमा अति भारी दुःख दरिद्र मिटाओ संकट सब हारी ||ॐ जय || बाल समय में तुमने रवि को भक्ष लियो देवन स्तुति किन्ही तुरतहिं छोड़ दियो ||ॐ जय || कपि सुग्रीव राम संग मैत्री करवाई अभिमानी बलि मेटयो कीर्ति रही छाई ||ॐ जय || जारि लंक सिय-सुधि ले आए, वानर हर्षाये कारज कठिन सुधारे, रघुबर मन भाये ||ॐ जय || शक्ति लगी लक्ष्मण को, भारी सोच भयो लाय संजीवन बूटी, दुःख सब दूर कियो ||ॐ जय || रामहि ले अहिरावण, जब पाताल गयो ताहि मारी प्रभु लाय, जय जयकार भयो ||ॐ जय || राजत मेहंदीपुर में,

Read More »

Shri Vishwakarma Aarti | श्री विश्वकर्मा जी की आरती | विश्वकर्मा पूजा आरती

श्री विश्वकर्मा जी की आरती जय श्री विश्वकर्मा प्रभु, जय श्री विश्वकर्मा | सकल सृष्टि के करता, रक्षक स्तुति धर्मा || आदि सृष्टि मे विधि को श्रुति उपदेश दिया | जीव मात्रा का जाग मे, ज्ञान विकास किया || ऋषि अंगीरा ताप से, शांति नहीं पाई | रोग ग्रस्त राजा ने जब आश्रया लीना | संकट मोचन बनकर डोर दुःखा कीना || जय श्री विश्वकर्मा जब रथकार दंपति, तुम्हारी टर करी | सुनकर दीं प्रार्थना, विपत हरी सागरी || एकानन चतुरानन, पंचानन राजे | त्रिभुज चतुर्भुज दशभुज, सकल रूप सजे || ध्यान धरे तब पद का, सकल सिद्धि आवे | मन द्विविधा मिट जावे, अटल शक्ति पावे || श्री विश्वकर्मा की आरती जो कोई गावे | भाजात गजानांद स्वामी, सुख

Read More »

Parvati Mata Ki Aarti | माता पार्वती जी की आरती | Shri Parvati Maa

माता पार्वती जी की आरती जय पार्वती माता जय पार्वती माता ब्रम्हा सनातन देवी शुभ फल कदा दाता || जय पार्वती || अरिकुल पद्मा विनासनी जय सेवक त्राता जग जीवन जगदम्बा हरिहर गुण गाता || जय पार्वती || सिंह को वाहन साजे कुंडल है साथा देव वधु जहं गावत नृत्य करता था || जय पार्वती || सतयुग शील सुसुन्दर नाम सटी कहलाता हेमांचल घर जन्मी सखियन रंगराता || जय पार्वती || शुम्भ निशुम्भ विदारे हेमांचल स्याता सहस भुजा तनु धरिके चक्र लियो हाता || जय पार्वती || सृष्टी रूप तुही जननी शिव संग रंगराता नंदी भृंगी बीन लाही सारा मदमाता || जय पार्वती || देवन अरज करत हम चित को लाता गावत दे दे ताली मन में रंगराता || जय

Read More »
Brass Tri-Shakti Yantra (Swastik Om Trishul Symbol) – Pair
Brass Tri-Shakti Yantra (Swastik Om Trishul Symbol) – Pair
Shop Now
Shree Raahu Yantra, Raahu Yantram (4.5 x 4cm approx)
Shree Raahu Yantra, Raahu Yantram (4.5 x 4cm approx)
₹999₹299
Shop Now
Remedywala Energized Copper Swastik
Remedywala Energized Copper Swastik
Shop Now
Panchdhatu Tara Poojan Yantra
Panchdhatu Tara Poojan Yantra
₹1999₹999
Shop Now
Sri Vishnu Sudarshana Chakra Shankh
Sri Vishnu Sudarshana Chakra Shankh
₹999₹299
Shop Now
Shree Surya Yantra (4.5 x 4cm approx)
Shree Surya Yantra (4.5 x 4cm approx)
₹999₹299
Shop Now
Categories
Archives

Mahalakshmi Aarti | महालक्ष्मी आरती

🌺 श्री महालक्ष्मी आरती 🌺 माँ लक्ष्मी की कृपा पाने की पावन आरती 🙏 श्री महालक्ष्मी आरती (हिंदी) 🙏 जय देवी जय देवी जय महालक्ष्मी।वससी

Read More »

Mahalakshmi Ashtakam | महालक्ष्मी अष्टकम

हिंदू धर्म में देवी महालक्ष्मी को धन, वैभव, सौभाग्य और ऐश्वर्य की अधिष्ठात्री देवी माना जाता है। जिस घर में उनका वास होता है, वहाँ

Read More »

Shri Hanuman Aarti

Shri Hanuman Aarti ||श्री हनुमान आरती|| आरती कीजै हनुमान लला की, दुष्ट दलन रघुनाथ कला की। जाके बल से गिरवर कांपे, रोग-दोष जाके निकट न

Read More »

Gau Mata Aarti | गौमाता की आरती | जय गौ माता

गौमाता की आरती आरती श्री गैया मैया की आरती हरनि विश्वधैया की || अर्थकाम सद्धर्म प्रदायिनी, अविचल अमल मुक्तिपद्दायिनी || सुर मानव सौभाग्याविधायिनी, प्यारी पूज्य

Read More »

Shri Vishwakarma Aarti | श्री विश्वकर्मा जी की आरती | विश्वकर्मा पूजा आरती

श्री विश्वकर्मा जी की आरती जय श्री विश्वकर्मा प्रभु, जय श्री विश्वकर्मा | सकल सृष्टि के करता, रक्षक स्तुति धर्मा || आदि सृष्टि मे विधि

Read More »

Related Products

My Cart
Wishlist
Recently Viewed
Categories