.

Remedywala

Categories
Archives
Sunstone Heart Shape Pendant
Sunstone Heart Shape Pendant
₹999₹348
Shop Now
Red Goldstone Frame Heart Shape Pendant
Red Goldstone Frame Heart Shape Pendant
₹999₹348
Shop Now
Rudraksha And Lava Stone Combination Bracelet
Rudraksha And Lava Stone Combination Bracelet
₹999₹349
Shop Now
Green Aventurine and Rose Quartz Bracelet
Green Aventurine and Rose Quartz Bracelet
₹999₹375
Shop Now
Panchdhatu Tara Poojan Yantra
Panchdhatu Tara Poojan Yantra
₹1999₹999
Shop Now
Angelite Pencil Pendant
Angelite Pencil Pendant
₹999₹99
Shop Now

Shri Vishnu Aarti | श्री विष्णु आरती | Om Jai Jagadish Hare Aarti

श्री विष्णु आरती ॐ जय जगदीश हरे, स्वामी जय जगदीश हरे | भक्त जनों के संकट, दास जनों के संकट, क्षण में दूर करे | ॐ जय जगदीश हरे || जो ध्यावे फल पावे, दुःखबिन से मन का, स्वामी दुःखबिन से मन का | सुख सम्पति घर आवे, सुख सम्पति घर आवे, कष्ट मिटे तन का | ॐ जय जगदीश हरे || मात पिता तुम मेरे, शरण गहूं किसकी, स्वामी शरण गहूं मैं किसकी | तुम बिन और न दूजा, तुम बिन और न दूजा, आस करूं मैं जिसकी | ॐ जय जगदीश हरे || तुम पूरण परमात्मा, तुम अन्तर्यामी, स्वामी तुम अन्तर्यामी | पारब्रह्म परमेश्वर, पारब्रह्म परमेश्वर, तुम सब के स्वामी | ॐ जय जगदीश हरे || तुम करुणा

Read More »

Lord Vitthal Aarti | श्री विठोबाची आरती | Yuge Atthavis |

श्री विठोबाची आरती युगें अठ्ठावीस विटेवरी उभा। वामांगी रखुमाई दिसे दिव्य शोभा। पुण्डलिकाचे भेटी परब्रह्म आलें गा। चरणी वाहे भीमा उद्धरी जगा॥ जय देव जय देव जय पाण्डुरंगा। रखुमाईवल्लभा राईच्या वल्लभा पावें जिवलगा॥ तुळसीमाळा गळां कर ठेवुनि कटीं। कांसे पीताम्बर कस्तुरि लल्लाटी। देव सुरवर नित्य येती भेटी। गरुड हनुमन्त पुढे उभे राहती॥ जय देव जय देव जय पाण्डुरंगा। रखुमाईवल्लभा राईच्या वल्लभा पावें जिवलगा॥ धन्य वेणुनाद अनुक्षेत्रपाळा। सुवर्णाची कमळे वनमाळा गळां। राही रखुमाबाई राणीया सकळा। ओवाळिती राजा विठोबा सांवळा॥ जय देव जय देव जय पाण्डुरंगा। रखुमाईवल्लभा राईच्या वल्लभा पावें जिवलगा॥ ओवाळूं आरत्या कुर्वण्ड्या येती। चन्द्रभागेमाजी सोडुनियां देती। दिंड्या पताका वैष्णव नाचती। पंढरीचा महिमा वर्णावा किती॥ जय देव जय देव जय पाण्डुरंगा। रखुमाईवल्लभा राईच्या वल्लभा पावें जिवलगा॥ आषाढी कार्तिकी भक्तजन येती। चन्द्रभागेमाजी

Read More »

Shri Venkatesh Aarti | श्री व्यंकटेश आरती | Lord Venkatesh

श्री व्यंकटेश आरती शेषाचल अवतार तारक तूं देवा l सुरवर मुनिवर भावें करिती जन सेवा ll कमलारमणा अससी अगणित गुण ठेवा l कमलाक्षा मज रक्षुनि सत्वर वर द्यावा ll १ ll जय देव जय देव जय व्यंकटेशा l केवळ करूणासिंधु पुरविसी आशा ll धृ. ll हे निजवैकुंठ म्हणुनी ध्यातों मी तू तें l दाखविसी गुण कैसे सकळिक लोकाते ll देखुनि तुझे स्वरूप सुख अद्‌भुत होते l ध्यातां तुजला श्रीपति दृढ मानस होते ll Shri Venkatesh Aarti Sheshachal avtar tarak tu deva | Survar munivar bhave kariti jan seva || Kamlaramna assi aganit gun theva | Kamlaksha maj rakshuni stavar var dhyava || 1 || Jay dev jay dev jay venkatesha | Keval karunasindhu purvisi asha || Dhru.|| Hey nijvaikunth mahuni

Read More »

Aarti Kunj Bihari Ki | श्री कुंजबिहारी जी की आरती | krishna ji ki aarti

श्री कुंजबिहारी जी की आरती आरती कुंजबिहारी की, श्री गिरिधर कृष्ण मुरारी की। गले में बैजंती माला, बजावै मुरली मधुर बाला। श्रवण में कुण्डल झलकाला, नंद के आनंद नंदलाला। गगन सम अंग कांति काली, राधिका चमक रही आली। रतन में ठाढ़े बनमाली; भ्रमर सी अलक, कस्तूरी तिलक, चंद्र सी झलक; ललित छवि श्यामा प्यारी की॥ श्री गिरिधर कृष्ण मुरारी की॥ आरती कुंजबिहारी की श्री गिरिधर कृष्णमुरारी की॥ आरती कुंजबिहारी की, श्री गिरिधर कृष्ण मुरारी की। जहां ते प्रकट भई गंगा, कलुष कलि हारिणि श्रीगंगा। स्मरण ते होत मोह भंगा; बसी शिव शीश, जटा के बीच, हरै अघ कीच; चरन छवि श्रीबनवारी की॥ श्री गिरिधर कृष्ण मुरारी की॥ आरती कुंजबिहारी की श्री गिरिधर कृष्णमुरारी की॥ आरती कुंजबिहारी की, श्री गिरिधर कृष्ण

Read More »

Shri Hanuman Aarti | श्री हनुमान जी की आरती | Hanumanji Aarti

॥ श्री हनुमंत स्तुति ॥ मनोजवं मारुत तुल्यवेगं, जितेन्द्रियं, बुद्धिमतां वरिष्ठम् ॥ वातात्मजं वानरयुथ मुख्यं, श्रीरामदुतं शरणम प्रपद्धे ॥ श्री हनुमान जी की आरती आरती कीजै हनुमान लला की। दुष्ट दलन रघुनाथ कला की॥ जाके बल से गिरिवर कांपे। रोग दोष जाके निकट न झांके॥ अंजनि पुत्र महा बलदाई। सन्तन के प्रभु सदा सहाई॥ दे बीरा रघुनाथ पठाए। लंका जारि सिया सुधि लाए॥ लंका सो कोट समुद्र-सी खाई। जात पवनसुत बार न लाई॥ लंका जारि असुर संहारे। सियारामजी के काज सवारे॥ लक्ष्मण मूर्छित पड़े सकारे। आनि संजीवन प्राण उबारे॥ पैठि पाताल तोरि जम-कारे। अहिरावण की भुजा उखारे॥ बाएं भुजा असुरदल मारे। दाहिने भुजा संतजन तारे॥ सुर नर मुनि आरती उतारें। जय जय जय हनुमान उचारें॥ कंचन थार कपूर लौ छाई।

Read More »

श्री गणेशजी की आरती | Shri Ganesh Aarti Lyrics In Hindi And English

Ganesh Ji Aarti In Hindi: जय गणेश, जय गणेश, जय गणेश, देवा. माता जाकी पारवती, पिता महादेवा. एकदन्त, दयावन्त, चारभुजाधारी, माथे पर तिलक सोहे, मूसे की सवारी. पान चढ़े, फूल चढ़े और चढ़े मेवा, लड्डुअन का भोग लगे, सन्त करें सेवा. अंधे को आँख देत, कोढ़िन को काया, बाँझन को पुत्र देत, निर्धन को माया. ‘सूर’ श्याम शरण आए, सफल कीजे सेवा, जय गणेश जय गणेश जय गणेश देवा. Ganesh Ji Aarti In English: Jai Ganesh, jai Ganesh, jai Ganesh deva Mata jaki Parvati, pita Mahadeva. Ek dant dayavant, char bhuja dhari Mathe par tilak sohe, muse ki savari Pan chadhe, phul chadhe, aur chadhe meva Ladduan ka bhog lage, sant kare seva.  Jai Ganesh, jai Ganesh, jai Ganesh deva,

Read More »

Saraswati Maa Ki Aarti | मां सरस्वती मां की आरती

Saraswati Maa Ki Aarti जय सरस्वती माता, मैया जय सरस्वती माता। सद्गुण, वैभवशालिनि, त्रिभुवन विख्याता ।।जय…।। चन्द्रवदनि, पद्मासिनि द्युति मंगलकारी। सोहे हंस-सवारी, अतुल तेजधारी।। जय…।। बायें कर में वीणा, दूजे कर माला। शीश मुकुट-मणि सोहे, गले मोतियन माला ।।जय…।। देव शरण में आये, उनका उद्धार किया। पैठि मंथरा दासी, असुर-संहार किया।।जय…।। वेद-ज्ञान-प्रदायिनी, बुद्धि-प्रकाश करो।। मोहज्ञान तिमिर का सत्वर नाश करो।।जय…।। धूप-दीप-फल-मेवा-पूजा स्वीकार करो। ज्ञान-चक्षु दे माता, सब गुण-ज्ञान भरो।।जय…।। माँ सरस्वती की आरती, जो कोई जन गावे। हितकारी, सुखकारी ज्ञान-भक्ति पावे।।जय…।। Saraswati Mata Ki Aarti Jai Saraswati mata, Maiya jaai Saraswati mata Sadgun vaibhav shalini, tribhuvan vikhyata || Jai.. || Chandravadani padmasini dyuti mangalakare, Sohe shub hansa savare, atul tejdhari || Jai.. || Baen kar men vina, daen kar mala,

Read More »

Santoshi Mata Aarti | सन्तोषी माता आरती | जय संतोषी माता

Santoshi Mata Aarti In Hindi जय सन्तोषी माता, मैया जय सन्तोषी माता । अपने सेवक जन की सुख सम्पति दाता । मैया जय सन्तोषी माता । सुन्दर चीर सुनहरी माँ धारण कीन्हो मैया माँ धारण कींहो हीरा पन्ना दमके तन शृंगार कीन्हो मैया जय सन्तोषी माता । गेरू लाल छटा छबि बदन कमल सोहे मैया बदन कमल सोहे मंद हँसत करुणामयि त्रिभुवन मन मोहे मैया जय सन्तोषी माता । स्वर्ण सिंहासन बैठी चँवर डुले प्यारे मैया चँवर डुले प्यारे धूप दीप मधु मेवा, भोज धरे न्यारे मैया जय सन्तोषी माता । गुड़ और चना परम प्रिय ता में संतोष कियो मैया ता में सन्तोष कियो संतोषी कहलाई भक्तन विभव दियो मैया जय सन्तोषी माता । शुक्रवार प्रिय मानत आज दिवस

Read More »

Durga Maa Aarti | मां दुर्गा जी की आरती | अम्बे तू है जगदम्बे काली

मां दुर्गा जी की आरती अम्बे तू है जगदम्बे काली, जय दुर्गे खप्पर वाली l तेरे ही गुण गायें भारती, ओ मैया हम सब उतारें तेरी आरती ll तेरे भक्त जनों पे माता, भीर पड़ी है भारी l दानव दल पर टूट पडो माँ, करके सिंह सवारी ll सौ सौ सिंहों से तु बलशाली, दस भुजाओं वाली l दुखिंयों के दुखडें निवारती, ओ मैया हम सब उतारें तेरी आरती ll माँ बेटे का है इस जग में, बडा ही निर्मल नाता l पूत कपूत सूने हैं पर, माता ना सुनी कुमाता ll सब पर करुणा दरसाने वाली, अमृत बरसाने वाली l दुखियों के दुखडे निवारती, ओ मैया हम सब उतारें तेरी आरती ll नहीं मांगते धन और दौलत, न चाँदी

Read More »

Lakshmi Aarti | लक्ष्मी माता की आरती | Om Jai Lakshmi Mata

लक्ष्मी माता की आरती ॐ जय लक्ष्मी माता, तुमको निस दिन सेवत, मैया जी को निस दिन सेवत हर विष्णु विधाता || ॐ जय || उमा रमा ब्रम्हाणी, तुम ही जग माता ओ मैया तुम ही जग माता सूर्य चन्द्र माँ ध्यावत, नारद ऋषि गाता || ॐ जय || दुर्गा रूप निरंजनी, सुख सम्पति दाता ओ मैया सुख सम्पति दाता जो कोई तुम को ध्यावत, ऋद्धि सिद्धि धन पाता || ॐ जय || तुम पाताल निवासिनी, तुम ही शुभ दाता ओ मैया तुम ही शुभ दाता कर्म प्रभाव प्रकाशिनी, भव निधि की दाता || ॐ जय || जिस घर तुम रहती तहँ सब सदगुण आता ओ मैया सब सदगुण आता सब सम्ब्नव हो जाता, मन नहीं घबराता || ॐ जय

Read More »
Shri Lakshmi/Laxmi Kuber Potli
Shri Lakshmi/Laxmi Kuber Potli
₹1499₹771
Shop Now
Remedywala Energized Copper Swastik
Remedywala Energized Copper Swastik
Shop Now
Kanakdhara Yantra Pyramid 3D (4 Inch Approx)
Kanakdhara Yantra Pyramid 3D (4 Inch Approx)
₹1999₹807
Shop Now
Buddh Yantra, Buddha Yantram (4.5 x 4cm approx)
Buddh Yantra, Buddha Yantram (4.5 x 4cm approx)
₹999₹299
Shop Now
Energized Brahma Pyramid Single Grid with sriparni Wooden Plate
Energized Brahma Pyramid Single Grid with sriparni Wooden Plate
₹1999₹999
Shop Now
Shri Panchmukhi Hanuman Wooden Base Yantra
Shri Panchmukhi Hanuman Wooden Base Yantra
₹999₹299
Shop Now
Categories
Archives

Lord Vitthal Aarti | श्री विठोबाची आरती | Yuge Atthavis |

श्री विठोबाची आरती युगें अठ्ठावीस विटेवरी उभा। वामांगी रखुमाई दिसे दिव्य शोभा। पुण्डलिकाचे भेटी परब्रह्म आलें गा। चरणी वाहे भीमा उद्धरी जगा॥ जय देव जय

Read More »

Aarti Kunj Bihari Ki | श्री कुंजबिहारी जी की आरती | krishna ji ki aarti

श्री कुंजबिहारी जी की आरती आरती कुंजबिहारी की, श्री गिरिधर कृष्ण मुरारी की। गले में बैजंती माला, बजावै मुरली मधुर बाला। श्रवण में कुण्डल झलकाला,

Read More »

Shri Hanuman Aarti | श्री हनुमान जी की आरती | Hanumanji Aarti

॥ श्री हनुमंत स्तुति ॥ मनोजवं मारुत तुल्यवेगं, जितेन्द्रियं, बुद्धिमतां वरिष्ठम् ॥ वातात्मजं वानरयुथ मुख्यं, श्रीरामदुतं शरणम प्रपद्धे ॥ श्री हनुमान जी की आरती आरती

Read More »

Saraswati Maa Ki Aarti | मां सरस्वती मां की आरती

Saraswati Maa Ki Aarti जय सरस्वती माता, मैया जय सरस्वती माता। सद्गुण, वैभवशालिनि, त्रिभुवन विख्याता ।।जय…।। चन्द्रवदनि, पद्मासिनि द्युति मंगलकारी। सोहे हंस-सवारी, अतुल तेजधारी।। जय…।।

Read More »

Related Products

My Cart
Wishlist
Recently Viewed
Categories