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    Sri Anjaneya Mangalam

    श्री अंजनेय मंगलम हनुमान जी को समर्पित एक प्रसिद्ध स्तोत्र है। इसे पढ़ने से संकट दूर होते हैं, मन की शांति मिलती है और सभी कार्य सफल होते हैं। यह हनुमान जी की शक्ति, भक्ति और करुणा की स्तुति करता है और विशेष रूप से मंगलवार और हनुमान जयंती पर इसका पाठ बहुत फलदायी माना […]

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    Shri Anjaneya Mangalashtakam

    श्रीआञ्जनेयमङ्गलाष्टकं कपिश्रेष्ठाय शूराय सुग्रीवप्रियमन्त्रिणे ।जानकीशोकनाशाय आञ्जनेयाय मङ्गलम् ॥ १॥ मनोवेगाय उग्राय कालनेमिविदारिणे ।लक्ष्मणप्राणदात्रे च आञ्जनेयाय मङ्गलम् ॥ २॥ महाबलाय शान्ताय दुर्दण्डीबन्धमोचन ।मैरावणविनाशाय आञ्जनेयाय मङ्गलम् ॥ ३॥ पर्वतायुधहस्ताय राक्षःकुलविनाशिने ।श्रीरामपादभक्ताय आञ्जनेयाय मङ्गलम् ॥ ४॥ विरक्ताय सुशीलाय रुद्रमूर्तिस्वरूपिणे ।ऋषिभिस्सेवितायास्तु आञ्जनेयाय मङ्गलम् ॥ ५॥ दीर्घबालाय कालाय लङ्कापुरविदारिणे ।लङ्कीणीदर्पनाशाय आञ्जनेयाय मङ्गलम् ॥ ६॥ नमस्तेऽस्तु ब्रह्मचारिन् नमस्ते वायुनन्दन । नमस्ते […]

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    Sri Anjaneya Stotram

    श्री अंजनेय स्तोत्रम श्रीनुदेवीं प्रवक्ष्यामि स्तोत्रं सर्वभयापहम् ।सर्वकामप्रदं नित्यं हनुमत्स्तोत्रमुत्तमम् ॥ १ ॥ तप्तकांचनसंकाशं नानारत्नविभूषितम् |उदयद्बालार्कवदानं त्रिनेत्रं कुंडलोज्ज्वलम् || 2 || मौन्जिकौपिनसंयुक्तं हेमयाज्ञोपवीतिनम् |पिंगलक्षं महाकायं शंकशैलेंद्रधारिणम् || 3 || शिखानिशिप्तवलाग्राम मेरुशैलग्रसंस्थितम् |मूर्तित्रयात्मकं पिनं महावीरं महानुम् || 4 || हनुमन्तं वायुपुत्रम् नमामि ब्रह्मचर्यम् |त्रिमूर्त्यात्मकमात्मस्थं जपाकुसुमसन्निभम् || 5 || नानाभूषणसंयुक्तम् आञ्जनेयम् नमाम्यहम् |पंचाक्षरस्थितं देवं नीलानिरदासन्निभम् || 6 […]

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    Shri Hanuman Anjali Stotram

    श्री हनुमान अञ्जली स्तोत्र   प्रणव हूं पवनकुमार खल बन पावक ज्ञानघन।जासु हृदय आगार बसहिं राम सर चाप धर।। अञ्जना-नन्दनं वीरं जानकी-शोक-नाशनम्कपीशमक्ष-हन्तारं वन्दे लङ्का-भयङ्करम्।। उल्लङ्घ्य सिन्धोः सलिलं सलीलंय: शोकवह्नींजनकात्मजाया:।आदाय तेनैव ददाह लङ्कां नमामि तं प्राञ्जलिराञ्जनेयम्।। मनोजवं मारुततुल्यवेगं जितेन्द्रियं बुद्धिमतां वरिष्ठम्वातात्मजं वानरयूथमुख्यं श्रीरामदूतं शरणं प्रपद्ये।। आञ्जनेयमतिपाटलाननं काञ्चनाद्रिकमनीय विग्रहम्पारिजाततरूमूल वासिनं भावयामि पवमाननंदनम्।। यत्र यत्र रघुनाथकीर्तनं तत्र तत्र […]

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    Sri Hanuman Bhakti Manjari

    “भक्ति मंजरी” का अर्थ है—भक्ति के पुष्पों का गुच्छा, भावनाओं, प्रार्थनाओं और समर्पण के छोटे-छोटे फूलों का संग्रह। “Sri Hanuman Bhakti Manjari” उन भक्तों के लिए एक आध्यात्मिक अर्पण है जो अपने जीवन में हनुमान जी की शक्ति, कृपा और संरक्षण की तलाश करते हैं। जब मन भयभीत हो, जीवन में संकट आए, या आत्मबल […]

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    Hanuman Dwadasa Nama Smarana

    ॥ हनुमान द्वादशनाम स्तोत्रम् ॥ हनुमानञ्जनासूनुर्वायुपुत्रो महाबलः।रामेष्टः फल्गुनसखः पिङ्गाक्षोऽमितविक्रमः॥उदधिक्रमणश्चैव सीताशोकविनाशकः।लक्ष्मणप्राणदाता च दशग्रीवस्य दर्पहा॥द्वादशैतानि नामानि कपीन्द्रस्य महात्मनः।स्वापकालே पठेन्नित्यं यात्राकाले विशेषतः॥तस्य मृत्युभयं नास्ति सर्वत्र विजयि भवेत्॥ English Transliteration hanumaananjanaasoonurvaayuputro mahaabalah।raamesht’ah’ phalgunasakhah’ pingaaksho’mitavikramah॥uddadhikramanashchaiva seetaashokavinaashakah।lakshmanapraanadaataa cha dashagreevasya darpahaa॥dvaadashaitaani naamaani kapeendrasya mahaatmanah।svaapakaale pat’hennityam yaatraakaale visheshatah॥tasya mri’tyubhayam naasti sarvatra vijayee bhavet॥ ॥ हनुमान द्वादशनाम स्तोत्र — अर्थ सहित ॥ 1. हनुमानञ्जनासूनुः […]

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    Sri Hanuman Karavalambam Stotram

    ॥ श्री अञ्जनेय करावलम्ब स्तोत्रम् – अर्थ (हिंदी + English) ॥ श्रीमत्पावनमूर्तये पवनजाययोगीश्वरप्रियकारण प्रभवाय ।सन्देहमेत्य रणजीत नटविरायश्री अञ्जनेय ममदेह करावलम्बम् ॥१॥ Hindi Meaning (हिंदी अर्थ): हे पवनपुत्र हनुमान! जो पवित्रता के प्रतीक हो, योगियों के प्रिय हो, संदेहों को दूर करने वाले और रणभूमि के विजयी नायक हो — मेरे शरीर को अपने सहारे में […]

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    || Hanuman Shabar Mantra Stotra || हनुमान शाबर मंत्र स्तोत्र

    हनुमान-शाबर-मन्त्र ‘कल्याण’ के हनुमान अङ्क’ से उद्धृ त १. सिर – पीड़ाः— पीड़ित व्यक्ति को दक्षिणाभिमुख – मुख बैठा कर उसके सिर को अपने हाथ से पकड़े । फिर निम्न ‘शाबर मन्त्र’ का उच्चारण करते हुए झाड़े — मन्त्रः— “लङ्का में बैठ के माथ हिलावे हनुमन्त । सो देखि के राक्षस-गण पाय दुरन्त ॥ बैठी […]

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    Hanuman Arjuna Stotra

    नमामि हनुमन्तं च अर्जुनं रणधीरणम् । रामकृष्णसमायुक्तौ भक्तिवीर्यसमन्वितौ ॥१॥ अञ्जनीसुतमेकं च पाण्डुपुत्रं द्वितीयकम् । महाबलसमोपेतौ शत्रुनाशनतत्परौ ॥२॥ एको लङ्कादहं कृत्वा एको देवासुरैर्जितः । उभौ दिव्यधनुर्धारौ शरण्यौ भक्तवत्सलौ ॥३॥ हनुमान् भक्तिपूर्णात्मा अर्जुनो धर्मनिश्चयः । उभयोः कृपया नित्यं भयशोकविनाशनम् ॥४॥ स्मरणं यस्य कुर्वन्ति प्रातरुत्थाय मानवाः । नश्यन्ति तस्य पापानि सिद्ध्यन्ति च मनोरथाः ॥५॥ बलं बुद्धिं च वीर्यं […]

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    Hanuman Bhava Bandhana Vimochana Stotram

    भारतीय आध्यात्मिक परंपरा में भगवान हनुमान को शक्ति, साहस, बुद्धि और भक्ति के देवता के रूप में पूजा जाता है। उनके विभिन्न स्तोत्र, मंत्र और चालीसा भक्तों को मानसिक, आध्यात्मिक और दैहिक शक्ति प्रदान करते हैं। इन्हीं में से एक अत्यंत प्रभावशाली प्रार्थना है — “हनुमान भाव बन्धन विमोचन स्तोत्रम्”।यह स्तोत्र भावनाओं, मानसिक तनाव, नकारात्मक […]

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